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अक्टूबर, 2019 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं
*दीपावली पूजा विधि एवं शुभ मुहूर्त* 〰️〰️🔸〰️〰️🔸〰️〰️🔸〰️〰️ *हर वर्ष भारतवर्ष में दिवाली का त्यौहार बड़े ही धूमधाम से मनाया जाता है. प्रतिवर्ष यह कार्तिक माह की अमावस्या को मनाई जाती है. रावण से दस दिन के युद्ध के बाद श्रीराम जी जब अयोध्या वापिस आते हैं तब उस दिन कार्तिक माह की अमावस्या थी, उस दिन घर-घर में दिए जलाए गए थे तब से इस त्योहार को दीवाली के रुप में मनाया जाने लगा और समय के साथ और भी बहुत सी बातें इस त्यौहार के साथ जुड़ती चली गई।* “ब्रह्मपुराण” के अनुसार आधी रात तक रहने वाली अमावस्या तिथि ही महालक्ष्मी पूजन के लिए श्रेष्ठ होती है. यदि अमावस्या आधी रात तक नहीं होती है तब प्रदोष व्यापिनी तिथि लेनी चाहिए. लक्ष्मी पूजा व दीप दानादि के लिए प्रदोषकाल ही विशेष शुभ माने गए हैं। *दीपावली पूजन के लिए पूजा स्थल एक  दिन पहले से सजाना चाहिए पूजन सामग्री भी दिपावली की पूजा शुरू करने से पहले ही एकत्रित कर लें। इसमें अगर माँ के पसंद को ध्यान में रख कर पूजा की जाए तो शुभत्व की वृद्धि होती है। माँ के पसंदीदा रंग लाल, व् गुलाबी है। इसके बाद फूलों की बात करें तो कमल और गुलाब मां लक्ष्मी...
धनतेरस के यह 13 सरल उपाय, अपार धन बरसाए 🌹〰〰〰〰〰🌹〰〰〰〰〰〰🌹 प्रचलित कथा के अनुसार कार्ति क कृष्ण त्रयोदशी के दिन समुद्र मंथन से आयुर्वेद के जनक भगवान धन्वंतरि अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे। उन्होंने देवताओं को अमृतपान कराकर अमर कर दिया था।  अतः वर्तमान संदर्भ में भी आयु और स्वास्थ्य की कामना से धनतेरस पर भगवान धन्वंतरि का पूजन किया जाता है। इस दिन वैदिक देवता यमराज का पूजन भी किया जाता है। कई श्रद्धालु इस दिन उपवास रहकर यमराज की कथा का श्रवण भी करते हैं। आज से ही तीन दिन तक चलने वाला गो-त्रिरात्र व्रत भी शुरू होता है। 1 * इस दिन धन्वंतरि जी का पूजन करें। 2 * नवीन झाडू एवं सूपड़ा खरीदकर उनका पूजन करें। 3 * सायंकाल दीपक प्रज्वलित कर घर, दुकान आदि को श्रृंगारित करें। 4 * मंदिर, गौशाला, नदी के घाट, कुओं, तालाब, बगीचों में भी दीपक लगाएं। 5 * यथाशक्ति तांबे, पीतल, चांदी के गृह-उपयोगी नवीन बर्तन व आभूषण क्रय करते हैं। 6 * हल जुती मिट्टी को दूध में भिगोकर उसमें सेमर की शाखा डालकर तीन बार अपने शरीर पर फेरें। 7 * कार्तिक स्नान करके प्रदोष काल में घाट, गौशाला, बावड़ी, कुआं,...

खांसी को करें चुटकियों में दूर

आज इस विषय पर बात करेंगे की हमारे शरीर में खांसी कितनी तकलीफ देती है इसलिए आज हम खांसी का सरल इलाज बता रहे हैं सबसे पहले हमे जो चीज की जरूरत पड़ेगा ओ इस प्रकार है 1 दो चम्मच घी 2थोड़ी सी अदरक और 3 10 दाने के बराबर काली मिर्च 410 ग्राम के बराबर गुड़ रख लेंगे अब उसे बनाने की विधि समझे सर्वप्रथम गैस पर आग पर किसी भी बर्तन में घी को डालेंगे और उसमें अदरक को छोटा-छोटा कूट करके या काट कर के उसमें डालेंगे उसी प्रकार से काली मिर्च को भी पाउडर बना लेंगे और उसमें भूनेगे कब तक भूनते रहना है जब तक सब लाल ना हो जाए उसके बाद ।उसके बाद हम गुड को उसमे डाल देंगे ओर गैस की आंच को कम कर देंगे और 10 20 सेकंड के बाद जब गुड पूरी तरह से जल जाए उसे उतार देंगे उसको खाने के बराबर गरम रहे उसे गरम ही खा लेंगे और खाने के 1 घंटे तक किसी प्रकार का भोजन या पानी ग्रहण नहीं करेंगे अब देखेंगे कि 1 घंटे के अंदर आपकी खांसी कंट्रोल हो जाएगी।।

दीपावली को इस प्रकार से करे पूजा

आज हम बात करेंगे दीपावली पूजा कैसे करे।।दीपावली को हम तो दीप प्रज्वलित करते हैं मगर उस दिन पुरे धूम धाम से श्री लक्ष्मी जी एवं गणेश जी की पूजा विशेष रूप से करते हैं।क्योकी धन की की आवश्यकता हम सबो की जरुरत है। चलिए हम बात करते हैं गणेश जी और लक्ष्मी जी की पूजा कैसे करें प्रिय श्री गणेश भगवान को हम उस दिन और लक्ष्मी जी को अपने घर में आवा हित करते हैं और उनकी पूजा आराधना करके उन्हें रोशन करते हैं और वह हम पर कृपा करें ऐसी हम कामना करते हैं सर्वप्रथम हम अपने पूजा स्थल पर गाय का गोबर से लेप कर ले जहां पर लेप करने का सुविधा ना हो वहां पर गोमूत्र तुलसी गंगाजल से वहां पर पोछा लगा ले और अपने घर घर की दरवाजा पर रंगोली बना ले और घर की साज-सज्जा तो होती है उसी प्रकार से सब पत्नी के साथ में पूजा पर बैठे हैं और सर्वप्रथम गणेश जी और लक्ष्मी जी का नवीन चित्र मूर्ति जो भी अपना सुविधानुसार पहले से ही घर में ले आए और दीपावली दो रूप से मनाया जाती है प्रथम दिन धनतेरस के रात में बहुत सारे व्यापारी लोग धन की इच्छा हेतु धनतेरस के रात में ही लक्ष्मी जी और गणेश जी की पूजा करते हैं तो जिसे जब सुविधा हो पूजा...